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जिला पंचायत सीईओ को लोकायुक्त ने 25 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा - मुंह पर रुमाल बांधकर खूब रोए अमिताभ सिरवैया -बिरोदा पूर्व सरपंच से मांगे थे एक लाख रुपये, इंदौर लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथों पकड़ा

Deepak Sungra - indoreexpress.com 08-Feb-2018 05:28 am


(सुरेश कपोनिया)। 
बुरहानपुर । आमतौर पर जिले में ग्राम पंचायतों में ही भ्रष्टाचार की खबरें आती रही है, लेकिन इस बार जिला पंचायत के सीईओ ही एक्सपोज हो गए। बिरोदा ग्राम पंचायत में चल रहे भ्रष्टाचार के मामले में पूर्व सरपंच ने वर्तमान सरपंच और सचिव को हटाने और उनके कार्यकाल के अटके हुए 1 लाख 80 हजार रुपए के बिल निकलवाने के लिए आवेदन दिया था। जिस पर जिला पंचायत सीईओ अमिताभ सिरबेया ने एक लाख रुपए की मांग की। जब पूर्व सरपंच ने सीईओ के कार्यालय में जाकर 25 हजार रुपए की पहली किस्त दी तो उसी समय लोकायुक्त पुलिस ने सीईओ को रंगे हाथों पकड़ लिया। घटना के बाद जिला पंचायत कार्यालय में हडक़ंप मच गया। इसके बाद जिला पंचायत सीईओ मुंह पर रूमाल बांधकर खूब रोए। 
लोकायुक्त पुलिस के मुताबिक जिला पंचायत सीईओ अमिताभ सिरबैया से बिरोदा के पूर्व सरपंच धर्मराज देवचंद महाजन ने शिकायत की थी की सरपंच रेखाबाई उमाकांत चौधरी और सचिव उमाशंकर वर्मा पर धारा 40 और 92 के तहत कार्रवाई की जाए। उनका आरोप था कि दोनों ने मिलकर महात्मा गांधी रोजगार गारंटी योजना के तहत किए गए कार्य में ऐसे मृत व्यक्तियों के नाम डालकर राशि निकाल ली। इसीलिए वे कार्रवाई की मांग कर रहे थे। साथ ही पूर्व सरपंच ने सीईओ से यह भी मांग की थी उनके कार्याकाल में मनरेगा के तहत किए गए कार्य में 1 लाख 80 हजार के बिल अब तक नहीं निकले, वह राशि भी निकाली जाए। इसके लिए सीईओ सिरबैया ने एक लाख रुपए की मांग की। पहली किस्त के रूप में 25 हजार रुपए देना तय हुआ। बुधवार दोपहर 12 बजे पूर्व सरपंच जिला पंचायत कार्यालय में सीईओ सिरबैया के कैबिन में पहुंचे। जहां 25 हजार रुपए उन्होंने सीईओ के हाथ में देकर बात पूरी की थी कि सीईओ यहां से निकलकर जा रहे थे। तभी लोकायुक्त पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। इसके बाद तो सीईओ घबरा गए। लोकायुक्त को देख जिला पंचायत कार्यालय में भी सभी कर्मी सकते में आ गए। 
मुंह पर बांध लिया रूमाल 
जब मीडिया कर्मी उनके कैबिन में गए तो फोटो लेते समय सीईओ ने अपना मुंह रुमाल से बांध लिया। फोटो और वीडियो बनाते समय सीईओ पसीना-पसीना हो गए। 
बिरोदा पंचायत में भ्रष्टाचार का मुद्दा अपने चरम पर है। लगातार इसे लेकर हंगामे और धरना आंदोलन तक चल रहा है। शिवसेना ने भी दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग के लिए जिला पंचायत के बाहर भूख हड़ताल तक की। जहां उन्हें कार्रवाई का आश्वासन देकर धरना समाप्त करवाया था। घटना के समय शिवसेना के पदाधिकारी भी जिला पंचायत में पहुंच गए। 
इनका कहना 
- पूर्व सरपंच धर्मराज महाजन की शिकायत पर जिला पंचायत सीईओ अमिताभ सिरबैया को 25 हजार रुपए की रिश्वत लेते पकड़ा है। जांच जारी है। - प्रवीणसिंह बघेल, डीएसपी, लोकायुक्त इंदौर

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